69 हजार सहायक शिक्षक भर्ती में आरक्षण गड़बड़ी का आरोप लगाने वाले आरक्षण पीड़ित अभ्यर्थियों ने रविवार को लखनऊ के जीपीओ पार्क में पिछड़ा-दलित संयुक्त मोर्चा के नेतृत्व में बैठक कर 4 अगस्त को सुप्रीम कोर्ट में होने वाली सुनवाई को लेकर रणनीति बनाई।
मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष सुशील कश्यप और महासचिव सुमित यादव ने कहा कि अभ्यर्थी जून 2020 से आरक्षण मामले में कानूनी लड़ाई लड़ रहे हैं। उन्होंने दावा किया कि भर्ती में करीब 19 हजार सीटों पर आरक्षण संबंधी गड़बड़ी हुई है।
मोर्चा ने प्रदेश सरकार से मांग की कि सुप्रीम कोर्ट में आरक्षण पीड़ित याची अभ्यर्थियों को राहत देने का प्रस्ताव रखा जाए। साथ ही स्पष्ट किया कि उनकी मांग छह वर्षों से कार्यरत शिक्षकों को हटाने की नहीं, बल्कि केवल याची अभ्यर्थियों को न्याय दिलाने की है।
प्रवक्ता पुष्पेंद्र सिंह जेलर और शिवशंकर ने कहा कि भर्ती 69 हजार पदों से अधिक नहीं हो सकती और एक पद पर दो नियुक्तियां संभव नहीं हैं। बैठक में रामविलास यादव, बलजीत सिंह, अनिल वर्मा सहित अन्य पदाधिकारी मौजूद रहे।
