इजराइल में जारी तनावपूर्ण हालात के बीच उत्तर प्रदेश के 6000 से अधिक श्रमिक पूरी तरह सुरक्षित हैं। मुख्यमंत्री Yogi Adityanath के निर्देश पर राज्य सरकार लगातार इन श्रमिकों की निगरानी कर रही है और उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए हर स्तर पर सक्रिय है।
प्रमुख सचिव, श्रम एवं सेवायोजन Shanmuga Sundaram नियमित रूप से Indian Embassy in Israel के संपर्क में हैं। दूतावास के माध्यम से यूपी के श्रमिकों की स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है। दूतावास से मिली जानकारी के अनुसार, सभी भारतीय श्रमिक सुरक्षित हैं और किसी भी तरह की आपात स्थिति की कोई सूचना नहीं है।
दूतावास से लगातार संपर्क
प्रमुख सचिव श्रम एवं सेवायोजन डॉ. शन्मुगा सुंदरम, इजराइल में भारत के राजदूत JP Singh के साथ लगातार संपर्क में हैं। दूतावास से मिली जानकारी के अनुसार, सभी भारतीय श्रमिक सुरक्षित हैं और किसी भी तरह की आपात स्थिति की सूचना नहीं है।
सामान्य स्थिति में काम कर रहे श्रमिक
राजदूत और दूतावास अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि:यूपी के श्रमिक सामान्य रूप से काम कर रहे हैंकिसी भी श्रमिक ने भारत लौटने की विशेष मांग नहीं की है स्थानीय सुरक्षा दिशा-निर्देशों का पालन किया जा रहा हैकुछ श्रमिकों ने हाल ही में भारत से गए पत्रकारों की मेजबानी भी की, जो हालात के सामान्य होने का संकेत है।
जरूरत पड़ने पर वापसी की तैयारी
यदि कोई श्रमिक वापस लौटना चाहता है, तो दूतावास द्वारा जॉर्डन के रास्ते सुरक्षित वापसी की व्यवस्था भी की जा रही है। फिलहाल, व्यापारी और छात्र वर्ग के कुछ लोग स्वेच्छा से लौट चुके हैं।
सरकार की प्राथमिकता – हर श्रमिक की सुरक्षा
Yogi Adityanath सरकार ने साफ किया है कि:हर श्रमिक की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है जरूरत पड़ने पर तत्काल मदद उपलब्ध कराई जाएगीसभी श्रमिकों से निरंतर संपर्क बनाए रखा जा रहा है
हेल्पलाइन भी सक्रिय
इजराइल की Population & Immigration Authority द्वारा संचालित कॉल सेंटर भी सक्रिय है, जहां भारतीय श्रमिकों को बहुभाषी सहायता मिल रही है। कुल मिलाकर, तनावपूर्ण माहौल के बावजूद यूपी के सभी श्रमिक सुरक्षित हैं और सरकार हर स्थिति पर नजर बनाए हुए है।
