अमेरिका के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार जैक सुलिवन दो दिवसीय भारत के दौरे पर हैं. 17 जून से शुरू हुए इस दौरे पर सुलिवन ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और भारतीय सुरक्षा सलाहकार अजित डोभाल से मुलाकात की.
आधिकारिक तौर पर कहा गया है कि सुलिवन दोनों देशों के बीच सहयोग को और बढ़ाने और भारत-अमेरिका के टेक इनिशिएटिव iCET को और बेहतर बनाने के लिए ये दौरा कर रहे हैं.
हालांकि उनका ये दौरा ऐसे समय हो रहा है, जब गुरपतवंत सिंह पन्नू की हत्या की साज़िश करने का आरोप झेल रहे भारतीय नागरिक निखिल गुप्ता को चेक रिपब्लिक से अमेरिका प्रत्यार्पित किया गया है.
सोमवार को व्हाइट हाउस की प्रेस कॉन्फ्रेंस मे अमेरिका के राष्ट्रीय सुरक्षा काउंसिल के कम्यूनिकेशन समन्वयक जॉन किर्बी से पूछा गया कि क्या सुलिवन भारत से ‘पन्नू की हत्या की कोशिश’ के मामले को लेकर बात करेंगे?
इस सवाल के जवाब में किर्बी ने कहा, “जैक सुलिवन की बातचीत के बारे में मुझे और कुछ नहीं कहना है, वे अब भी वहीं हैं और बातचीत कर रहे हैं. लेकिन जैसा कि मैंने कहा, उनकी यात्रा का मुख्य उद्देश्य अमेरिका-भारत द्विपक्षीय संबंधों को और मज़बूत बनाने के तरीक़ों की तलाश करना है, ख़ासकर उभरती हुई तकनीक को लेकर, इसके अलावा मुझे कुछ नहीं कहना है.”
सोमवार को 52 साल के गुप्ता को न्यूयॉर्क की फेडरल कोर्ट में पेश किया गया, जहां उन्होंने ख़ुद पर लगे आरोपों को ख़ारिज किया.
उन्हें अमेरिका की सरकार के अनुरोध पर चेक रिपब्लिक में गिरफ़्तार किया गया था.
प्रॉसिक्यूटर्स का आरोप है कि गुप्ता ने एक शख़्स को अमेरिका में रहने वाले खालिस्तनी नेता पन्नू को मारने के लिए सुपारी दी और 15000 डॉलर का एडवांस भी दिया. ये भी दावा किया गया कि इसमें भारत सरकार के एक अधिकारी शामिल थे.
