विशाखापत्तनम में 18 फरवरी 2026 को अंतरराष्ट्रीय फ्लीट रिव्यू (IFR) का आयोजन हो रहा है। यह कार्यक्रम दुनिया भर के मित्र देशों की नौसेनाओं के जहाजों, पनडुब्बियों और विमानों का भव्य प्रदर्शन है। भारत की राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू इस समारोह की समीक्षा करने के लिए उपस्थित हैं।
IFR का इतिहास और महत्व
भारत ने पहला फ्लीट रिव्यू 2001 में मुंबई और दूसरा 2016 में विशाखापत्तनम में आयोजित किया था। अब तीसरी बार यह आयोजन फिर से विशाखापत्तनम में हो रहा है। IFR 2026 को भारतीय नौसेना का अब तक का सबसे बड़ा अंतरराष्ट्रीय फ्लीट रिव्यू माना जा रहा है। यह कार्यक्रम भारत की वैश्विक समुद्री सहयोग और सुरक्षा प्रतिबद्धता को दर्शाता है।
18 देशों की नौसेनाएं शामिल
इस आयोजन में 18 देशों की नौसेनाएं भाग ले रही हैं। वे अपने अनुभव साझा करेंगे और पेशेवर सहयोग को बढ़ावा देंगे। इस बार की थीम है ‘United Through Oceans’ यानी महासागरों के जरिए एकता।
भाग लेने वाले देशों के कुछ नाम:
-
सेशेल्स
-
इंडोनेशिया
-
मालदीव
-
थाईलैंड
-
ओमान
-
ईरान
-
रिपब्लिक ऑफ़ कोरिया
-
ऑस्ट्रेलिया
-
जापान
-
म्यांमार
-
वियतनाम
-
UAE
-
मलेशिया
-
साउथ अफ्रीका
-
रूस
-
बांग्लादेश
-
श्रीलंका
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू का रिव्यू
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू INS सुमेधा पर सवार होकर रिव्यू एंकरेज एरिया में फ्लीट का निरीक्षण करेंगी। यह जहाज देश में निर्मित नेवल ऑफशोर पेट्रोल वेसल (NOPV) है और इसे प्रेसिडेंशियल यॉट के रूप में उपयोग किया जाएगा।
रिव्यू में वॉरशिप और सबमरीन का मोबाइल कॉलम, नेवल एयरक्राफ्ट का फ्लाईपास्ट, सेलिंग वेसल परेड, हेलीकॉप्टर द्वारा सर्च और रेस्क्यू डेमोंस्ट्रेशन, मरीन कमांडो का डिस्प्ले जैसी कई आकर्षक गतिविधियां शामिल हैं।
