वाराणसी, 21 अक्टूबर। भारतीय वायुसेना की 94वीं वर्षगांठ के अवसर पर वाराणसी में आयोजित होने वाले ‘विंग्स ओवर गंगा’ एयर शो को लेकर तैयारियां तेज कर दी गई हैं। 22, 24 और 25 अक्टूबर को होने वाले इस आयोजन में 15 से 20 लाख दर्शकों के पहुंचने का अनुमान है। कार्यक्रम को सुरक्षित और व्यवस्थित तरीके से संपन्न कराने के लिए उत्तर प्रदेश सरकार और पुलिस प्रशासन ने सुरक्षा, यातायात, चिकित्सा तथा भीड़ प्रबंधन की व्यापक व्यवस्था की है।
आसमान में भारतीय वायुसेना के विमान अपनी सामरिक क्षमता और शौर्य का प्रदर्शन करेंगे, वहीं जमीन पर पुलिस और अन्य सुरक्षा एजेंसियां व्यवस्था संभालेंगी। आयोजन के अंतिम दिन 25 अक्टूबर को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, राज्यपाल आनंदीबेन पटेल, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और सेना तथा वायुसेना के वरिष्ठ अधिकारियों सहित कई गणमान्य लोगों का आगमन प्रस्तावित है।
पुलिस आयुक्त वाराणसी कमिश्नरेट मोहित अग्रवाल के अनुसार, एयर शो के लिए अस्थायी पुलिस थाने स्थापित किए गए हैं। पुलिस के साथ पीएसी, एनडीआरएफ, एसडीआरएफ, बम निरोधक दस्ता और एटीएस समेत विभिन्न सुरक्षा एजेंसियों की तैनाती की जाएगी। रेलवे स्टेशन, बस अड्डों, एयरपोर्ट और प्रमुख मार्गों पर भी पुलिसकर्मी तैनात रहेंगे, ताकि बाहर से आने वाले दर्शकों को निर्धारित रास्तों से आयोजन स्थल तक पहुंचाया जा सके।

11,900 पुलिसकर्मी संभालेंगे सुरक्षा और भीड़ प्रबंधन
आयोजन के दौरान सुरक्षा व्यवस्था को प्रभावी बनाने के लिए काशी को जोन, सेक्टर और सब-सेक्टर में बांटा गया है। करीब 11,900 पुलिसकर्मियों की तैनाती की व्यवस्था की गई है। इसके अलावा 79 अस्थायी पुलिस थानों, 25 वॉच टावर और निगरानी के विभिन्न साधनों के जरिए भीड़ तथा संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखी जाएगी।
घाटों, प्रमुख मार्गों, बस अड्डों और रेलवे स्टेशनों को पब्लिक एड्रेस सिस्टम से जोड़ने की व्यवस्था की गई है। सीसीटीवी कैमरों की मदद से भीड़ की स्थिति पर नजर रखी जाएगी। सुरक्षा के लिए एंटी-ड्रोन सिस्टम, साइबर सुरक्षा टीम और अन्य विशेष इकाइयां भी मुस्तैद रहेंगी।

चार ट्रैफिक प्लान से संभलेगा यातायात
संभावित भीड़ को देखते हुए चार अलग-अलग ट्रैफिक प्लान तैयार किए गए हैं। यातायात व्यवस्था को आंतरिक और बाहरी हिस्सों में बांटा गया है। दोनों के लिए अलग-अलग डायवर्जन, बैरियर और वैकल्पिक मार्ग निर्धारित किए गए हैं। जरूरत के अनुसार यातायात योजना लागू की जाएगी।
घाटों के अलग-अलग जोन के हिसाब से पार्किंग स्थल और प्रवेश मार्ग तय किए गए हैं। शहर से आने वाले दर्शकों को निर्धारित पार्किंग और दर्शक स्थलों की ओर भेजा जाएगा, जबकि बाहरी जिलों से आने वाले लोगों के लिए रामनगर-पड़ाव क्षेत्र में पार्किंग और आवागमन की व्यवस्था की गई है। प्रमुख मार्गों, पार्किंग स्थलों और प्रवेश बिंदुओं पर तैनात पुलिसकर्मी लोगों को दिशा-निर्देश देंगे।

आपात स्थिति के लिए तीन ग्रीन कॉरिडोर
एयर शो के दौरान यातायात के दबाव के बीच मरीजों को समय पर अस्पताल पहुंचाने के लिए तीन ग्रीन कॉरिडोर बनाए जाएंगे। मुख्य चिकित्सा अधिकारी एनपी सिंह के अनुसार, सर सुंदरलाल अस्पताल, बीएचयू ट्रॉमा सेंटर, शिवप्रसाद गुप्त मंडलीय अस्पताल और पंडित दीनदयाल उपाध्याय अस्पताल समेत प्रमुख सरकारी और निजी अस्पतालों को चिन्हित किया गया है।
आयोजन के दौरान 100 एंबुलेंस और आठ अस्थायी अस्पतालों की व्यवस्था भी की गई है। आपातकालीन स्थिति, भीड़ की निकासी और वीवीआईपी आवागमन को ध्यान में रखते हुए वैकल्पिक मार्ग निर्धारित किए गए हैं।
घाटों पर डबल बैरिकेडिंग, नदी में भी निगरानी
गंगा घाटों पर प्रवेश और निकास के लिए अलग-अलग एकल मार्ग बनाए गए हैं। भीड़ नियंत्रण के लिए डबल बैरिकेडिंग की गई है। डुमरी से सत्ती घाट और आदि केशव से दशाश्वमेध घाट तक लगभग 5.5-5.5 किलोमीटर के हिस्से में बैरिकेडिंग की व्यवस्था की गई है।
घाटों के प्रवेश बिंदुओं पर डोर फ्रेम मेटल डिटेक्टर और हैंड हेल्ड मेटल डिटेक्टर से जांच की जाएगी। शहर में नमो घाट से सामने घाट तक और घाटों को जोड़ने वाले प्रमुख संपर्क मार्गों तथा गलियों में साइनेज बोर्ड लगाए गए हैं, ताकि बाहर से आने वाले दर्शकों को रास्ता खोजने में परेशानी न हो।
एयर शो के दौरान सुबह आठ बजे से शाम पांच बजे तक गंगा में निजी नावों के संचालन पर प्रतिबंध रहेगा। नदी और घाटों की सुरक्षा के लिए एनडीआरएफ, एसडीआरएफ, पीएसी की बाढ़ राहत कंपनियों और जल पुलिस की तैनाती की गई है। स्थानीय गोताखोरों को भी बचाव कार्य के लिए तैयार रखा जाएगा। घाटों पर दो वाटर एंबुलेंस की व्यवस्था की गई है। दर्शकों के लिए पेयजल, शौचालय और अन्य जरूरी सुविधाएं भी उपलब्ध कराई जाएंगी।
दर्शकों से विनम्र व्यवहार के निर्देश
पुलिस आयुक्त के मुताबिक, एयर शो के दौरान दर्शकों की सहायता और सुविधा के लिए पुलिसकर्मियों को सॉफ्ट स्किल का प्रशिक्षण दिया गया है। उन्हें लोगों के साथ शिष्ट और सहयोगात्मक व्यवहार करने तथा विनम्रता से दिशा-निर्देश देने के लिए कहा गया है। पुलिसकर्मी दर्शकों को ‘सर’ और ‘मैडम’ कहकर संबोधित करेंगे।
पांच किलोमीटर के दायरे में ड्रोन उड़ाने पर प्रतिबंध
एयर शो की सुरक्षा को देखते हुए गंगा घाटों के दोनों ओर पांच किलोमीटर के दायरे में ड्रोन उड़ाने पर प्रतिबंध रहेगा। अनधिकृत ड्रोन संचालन करने वालों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। प्रतिबंधित क्षेत्र में संदिग्ध उड़ान गतिविधियों पर विशेष निगरानी रखी जाएगी।
प्रशासन का उद्देश्य एयर शो के दौरान सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के साथ दर्शकों की आवाजाही, चिकित्सा सहायता और भीड़ प्रबंधन को सुचारु रखना है, ताकि आयोजन शांतिपूर्ण और व्यवस्थित तरीके से संपन्न हो सके।
