रिपोर्ट – सुनीष तिवारी
सीतापुर। घायल मरीज की मौत के मामले में परिजनों द्वारा लगाए गए आरोपों की जांच रिपोर्ट सामने आ गई है। जिलाधिकारी के निर्देश पर गठित जांच समिति ने पूरे मामले की जांच कर अपनी रिपोर्ट सौंप दी है। जांच में गलत इंजेक्शन से मौत और धन उगाही के आरोपों के समर्थन में कोई ठोस साक्ष्य नहीं मिला।
दरअसल, रहिमाबाद निवासी मुस्ताक 6 अगस्त को सड़क हादसे में घायल हुए थे। परिजन उन्हें खैराबाद सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र लेकर पहुंचे, जहां प्राथमिक उपचार के बाद गंभीर हालत को देखते हुए उन्हें सीतापुर जिला अस्पताल रेफर किया गया। जिला अस्पताल में उपचार के दौरान मुस्ताक की मौत हो गई।
मौत के बाद परिजनों ने अस्पताल में गलत इंजेक्शन लगाने और इलाज के नाम पर धन उगाही करने के आरोप लगाए थे। मामले को गंभीरता से लेते हुए जिलाधिकारी के निर्देश पर जांच समिति गठित की गई।
जांच में क्या सामने आया?
जांच समिति ने अस्पताल पहुंचकर स्थलीय निरीक्षण किया और चिकित्सकों व स्टाफ के बयान दर्ज किए। मरीज के उपचार संबंधी अभिलेख, ईसीजी और पोस्टमार्टम रिपोर्ट का भी परीक्षण किया गया।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मौत का कारण अत्यधिक रक्तस्राव बताया गया है। जांच रिपोर्ट के अनुसार मरीज की फीमर यानी जांघ की हड्डी में फ्रैक्चर था, जिससे अत्यधिक रक्तस्राव होना संभव है।
जांच समिति को गलत इंजेक्शन के कारण मौत होने का कोई प्रमाण नहीं मिला। वहीं, इलाज के नाम पर धन उगाही के आरोपों के समर्थन में भी समिति को कोई ठोस साक्ष्य नहीं मिला।
