रिपोर्ट – अंकित पाण्डेय
हमीरपुर में खरीफ फसलों के उत्पादन का सटीक आंकलन करने के लिए प्रशासन की ओर से क्रॉप कटिंग अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में जिलाधिकारी अशोक कुमार ने सदर तहसील के कुछेछा गांव पहुंचकर तिल की फसल की क्रॉप कटिंग का स्थलीय निरीक्षण किया। डीएम की मौजूदगी में नियमानुसार फसल की कटाई और तौल कराई गई।

कुछेछा गांव निवासी किसान सुनील गुप्ता के खेत में प्लॉट नंबर 142 को सांख्यिकी विभाग ने रैंडम पद्धति से क्रॉप कटिंग के लिए चयनित किया था। राजस्व और सांख्यिकी विभाग की संयुक्त टीम ने निर्धारित 10×10 मीटर क्षेत्रफल में तिल की फसल की कटाई कराई। इसके बाद निकली तिल की फलियों की तौल की गई, जिसमें 5 किलो 100 ग्राम उपज प्राप्त हुई।
जिलाधिकारी ने बताया कि क्रॉप कटिंग के जरिए जिले में विभिन्न फसलों के औसत उत्पादन का वैज्ञानिक आंकलन किया जाता है। इसके आंकड़े सरकार और फसल बीमा कंपनियों को भेजे जाते हैं। निर्धारित मानक से उत्पादन कम होने पर पात्र किसानों को प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत लाभ मिलने में इन आंकड़ों की अहम भूमिका होती है।
डीएम ने अधिकारियों और बीमा कंपनी के प्रतिनिधियों को क्रॉप कटिंग के दौरान पूरी पारदर्शिता और शुद्धता बनाए रखने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि क्रॉप कटिंग के आंकड़े किसान कल्याण योजनाओं और आपदा राहत जैसे मामलों में भी महत्वपूर्ण आधार बनते हैं।
इस दौरान एसडीएम सदर, तहसीलदार, जिला सांख्यिकी अधिकारी समेत अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
