रिपोर्ट – दीपक अवस्थी
अजीतमल (औरैया)। विकास खंड अजीतमल में गुरुवार को पंचायत विकास योजना और ओएसआर (स्वयं के स्रोत से राजस्व) विषय पर एक दिवसीय विकास खंड स्तरीय कार्यशाला आयोजित की गई। इसमें विकास खंड के पंचायत सहायकों, ग्राम पंचायत सचिवों और संबंधित अधिकारियों ने भाग लिया।
कार्यशाला का शुभारंभ सहायक विकास अधिकारी पंचायत सर्वेश कुमार ने किया। उन्होंने पंचायत सहायकों और सचिवों से प्रशिक्षण को गंभीरता से लेने तथा कार्यशाला में दी गई जानकारी को ग्राम पंचायत स्तर पर प्रभावी रूप से लागू करने का आह्वान किया।
मास्टर ट्रेनर बदन सिंह ने ओएसआर की आवश्यकता और उपयोगिता पर विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने ग्राम पंचायतों की आय बढ़ाने के विभिन्न स्रोतों, कचरे से आय अर्जित करने और सीएससी शुल्क समेत अन्य माध्यमों के बारे में बताया।

वहीं परमानंद शुक्ला ने ई-ग्राम स्वराज पोर्टल और यूपीजीपी ओएसआर पोर्टल का लाइव डेमो दिया। उन्होंने पोर्टल पर ग्राम पंचायत की कार्ययोजना को चरणबद्ध तरीके से दर्ज करने की प्रक्रिया समझाई।
डीपीआरसी कानपुर मंडल के अतिरिक्त फैकल्टी मोहित गुप्ता ने ग्राम तालाबों की नीलामी, मत्स्य पालन और अन्य महत्वपूर्ण शासनादेशों की जानकारी दी। उन्होंने 16वें वित्त आयोग के तहत ग्रांट प्राप्त करने के लिए ओएसआर से जुड़ी आवश्यक शर्तों के बारे में भी विस्तार से बताया।
सहायक विकास अधिकारी पंचायत सर्वेश कुमार ने ग्राम पंचायतों को अपने आय के स्रोत बढ़ाने और आर्थिक रूप से मजबूत बनाने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि प्रशिक्षण में बताई गई प्रक्रियाओं और उपायों को धरातल पर लागू कर पंचायतों की आय में वृद्धि की जा सकती है।

कार्यशाला में ग्राम पंचायत सचिव योगेंद्र सिंह, रचित कुमार, अमरेंद्र सिंह, राजीव कुमार सेंगर और रंजना पाल सहित विकास खंड के अन्य सचिव मौजूद रहे। विभिन्न ग्राम पंचायतों के पंचायत सहायक भी कार्यशाला में शामिल हुए।
कार्यक्रम के अंत में सहायक विकास अधिकारी पंचायत ने सभी प्रतिभागियों का आभार व्यक्त किया और कार्यशाला का समापन किया।

