लखनऊ, 31 मई। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश सरकार ने महिला सशक्तीकरण की दिशा में एक और महत्वपूर्ण कदम उठाया है। प्रदेश के राजस्व प्रशासन के तीन प्रमुख पदों पर महिला आईएएस अधिकारियों की तैनाती कर सरकार ने प्रशासन में महिलाओं की बढ़ती भागीदारी और नेतृत्व क्षमता को मजबूत संदेश दिया है।
वरिष्ठ आईएएस अधिकारी अर्चना अग्रवाल को राजस्व परिषद उत्तर प्रदेश का अध्यक्ष नियुक्त किया गया है। वहीं अपर्णा यू पहले से ही प्रमुख सचिव राजस्व के पद पर कार्यरत हैं और कंचन वर्मा राजस्व परिषद में आयुक्त एवं सचिव की जिम्मेदारी निभा रही हैं।
1990 बैच की आईएएस अधिकारी अर्चना अग्रवाल वर्तमान में अपर मुख्य सचिव परिवहन विभाग और यूपीएसआरटीसी की अध्यक्ष भी हैं। उनके लंबे प्रशासनिक अनुभव को देखते हुए सरकार ने उन्हें राजस्व परिषद जैसी महत्वपूर्ण संस्था की कमान सौंपी है।
प्रदेश के भूमि, भू-अभिलेख, राजस्व प्रशासन और अधिग्रहण से जुड़े मामलों की नीतिगत जिम्मेदारी प्रमुख सचिव राजस्व के रूप में अपर्णा यू के पास है। वहीं राजस्व परिषद के प्रशासनिक संचालन और महत्वपूर्ण मामलों के निस्तारण में कंचन वर्मा अहम भूमिका निभा रही हैं।
राजस्व परिषद प्रदेश की सबसे महत्वपूर्ण संस्थाओं में से एक है, जहां भूमि विवाद, राजस्व अपीलों और प्रशासनिक मामलों से जुड़े अहम फैसले लिए जाते हैं। ऐसे में परिषद के अध्यक्ष, प्रमुख सचिव और सचिव स्तर पर महिला अधिकारियों की नियुक्ति प्रशासनिक दृष्टि से भी एक उल्लेखनीय उपलब्धि मानी जा रही है।
योगी सरकार का यह फैसला महिलाओं को नेतृत्वकारी भूमिकाओं में आगे बढ़ाने और प्रशासनिक व्यवस्था में उनकी भागीदारी को सशक्त करने की नीति को दर्शाता है। इससे सुशासन, प्रशासनिक दक्षता और महिला नेतृत्व को नई मजबूती मिलने की उम्मीद है।
