पश्चिम बंगाल के बिष्णुपुर में आयोजित विजय संकल्प सभा को संबोधित करते हुए Narendra Modi ने सत्ताधारी Trinamool Congress (TMC) पर अब तक का सबसे तीखा हमला बोला। उन्होंने Mamata Banerjee सरकार को “महिला विरोधी” और “संविधान विरोधी” करार दिया।
प्रधानमंत्री ने कहा कि जहां एक ओर भाजपा महिलाओं को सशक्त बनाने और उन्हें मुख्यधारा में लाने का प्रयास कर रही है, वहीं TMC पर बंगाल की महिलाओं के साथ विश्वासघात करने के आरोप लग रहे हैं। उन्होंने सवाल उठाया कि क्या तुष्टिकरण की राजनीति के चलते महिलाओं के अधिकारों से समझौता किया जा रहा है।
राष्ट्रपति के सम्मान को लेकर भी निशाना
PM मोदी ने Droupadi Murmu के सम्मान को लेकर भी TMC पर निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि राष्ट्रपति के साथ हुए व्यवहार ने आदिवासी समाज और देश की महिलाओं की भावनाओं को आहत किया है।
महिलाओं के मुद्दे पर सियासी घमासान
भाजपा का दावा है कि TMC ने संसद और राज्य स्तर पर महिलाओं के हितों के खिलाफ काम किया है। पार्टी के अनुसार, इससे महिलाओं के विश्वास को ठेस पहुंची है और राजनीतिक टकराव और बढ़ा है।
घुसपैठ और संविधान पर सवाल
भाजपा ने आरोप लगाया कि TMC घुसपैठियों को लाभ पहुंचाने के लिए नियमों की अनदेखी कर रही है और धर्म आधारित नीतियों को बढ़ावा दे रही है, जिससे संविधान की मूल भावना प्रभावित हो रही है।
महिलाओं के लिए बड़े वादे
सभा में भाजपा की ओर से महिलाओं के लिए कई बड़े वादे भी किए गए, जिनमें मुफ्त राशन, आवास सहायता, मुफ्त इलाज और “मातृ शक्ति भरोसा कार्ड” के तहत आर्थिक सहायता शामिल है।
कुल मिलाकर, बिष्णुपुर की इस सभा में प्रधानमंत्री का भाषण राजनीतिक रूप से काफी आक्रामक रहा, जिसने पश्चिम बंगाल की राजनीति को और गर्मा दिया है।
