रिपोर्ट: प्रिया बाजपेई शुक्ला
उत्तर प्रदेश में बाढ़ की स्थिति के बीच मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर राहत और बचाव अभियान युद्धस्तर पर जारी है। बाढ़ राहत आयुक्त कार्यालय के अनुसार, गुरुवार को प्रदेश के 26 जिलों में बाढ़ का असर रहा। करीब 3.53 लाख लोग प्रभावित हैं। राहत एवं बचाव तंत्र की सक्रियता के चलते अब तक किसी तरह की जनहानि या पशुहानि की सूचना नहीं है।
प्रशासन की ओर से प्रभावित लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने के साथ भोजन, राहत सामग्री और स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं। अब तक 17,544 लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया है, जबकि 4,847 लोग बाढ़ शरणालयों में रह रहे हैं। प्रदेश में कुल 1,312 बाढ़ शरणालय स्थापित किए गए हैं।
1,600 से ज्यादा बाढ़ चौकियां और 1,000 मेडिकल टीमें सक्रिय
बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में राहत एवं बचाव कार्यों की निगरानी के लिए 1,634 बाढ़ चौकियां सक्रिय हैं। इसके अलावा 1,697 नाव और मोटरबोट राहत कार्य में लगाई गई हैं। स्वास्थ्य सेवाओं के लिए 1,068 मेडिकल टीमें प्रभावित क्षेत्रों में लगातार काम कर रही हैं।
72 हजार से ज्यादा राहत किट बांटी गईं
प्रभावित परिवारों तक भोजन और जरूरी सामान पहुंचाने के लिए राहत सामग्री वितरण में तेजी लाई गई है। अब तक 72,897 बाढ़ राहत खाद्यान्न किट और 3,67,551 लंच पैकेट वितरित किए जा चुके हैं।
पशुओं के लिए भी प्रशासन की ओर से राहत की व्यवस्था की गई है। अब तक 5 हजार क्विंटल से अधिक भूसा वितरित किया जा चुका है। स्वास्थ्य सुरक्षा के लिए 5.52 लाख से अधिक क्लोरीन टैबलेट और 1.87 लाख से ज्यादा ओआरएस पैकेट बांटे गए हैं।
45 हजार से ज्यादा पशु प्रभावित
बाढ़ के कारण प्रदेश में 45 हजार से अधिक पशु प्रभावित हुए हैं। हालांकि, अब तक किसी पशु की मृत्यु की सूचना नहीं है। प्रशासन की ओर से प्रभावित क्षेत्रों में लगातार निगरानी की जा रही है और जरूरत के मुताबिक लोगों व पशुओं को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जा रहा है।
ये जिले बाढ़ से प्रभावित
प्रदेश में बाढ़ का असर अमरोहा, अयोध्या, आजमगढ़, बदायूं, बलिया, बाराबंकी, बस्ती, चंदौली, फर्रुखाबाद, गाजीपुर, गोंडा, गोरखपुर, हरदोई, कासगंज, कानपुर, लखीमपुर खीरी, मिर्जापुर, मुरादाबाद, पीलीभीत, प्रयागराज, रायबरेली, रामपुर, संत कबीर नगर, शाहजहांपुर, उन्नाव और वाराणसी में बताया गया है।
प्रशासन का दावा है कि बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में राहत एवं बचाव कार्य लगातार जारी है और जरूरतमंद लोगों तक भोजन, स्वास्थ्य सुविधाएं तथा अन्य जरूरी सहायता पहुंचाई जा रही है।
