मुंबई। IIT बॉम्बे में 19 वर्षीय बीटेक छात्र की मौत के बाद कैंपस में तनाव का माहौल है। छात्र Energy Science and Engineering विभाग में दूसरे वर्ष की पढ़ाई कर रहा था। शुक्रवार को परीक्षा के दौरान मोबाइल फोन इस्तेमाल करते पकड़े जाने के कुछ घंटे बाद वह अपने हॉस्टल के कमरे में मृत पाया गया। घटना के बाद 400 से ज्यादा छात्रों ने संस्थान प्रशासन के खिलाफ प्रदर्शन किया और मामले में जवाबदेही व पारदर्शिता की मांग की।
परीक्षा में ChatGPT पर अपलोड किया था प्रश्नपत्र
IIT बॉम्बे के आधिकारिक बयान के मुताबिक, छात्र को परीक्षा के दौरान मोबाइल फोन का इस्तेमाल करते हुए पकड़ा गया था। संस्थान का कहना है कि छात्र ने परीक्षा का प्रश्नपत्र ChatGPT पर अपलोड कर उसके उत्तर हासिल करने की कोशिश की थी। परीक्षा हॉल में मोबाइल फोन का इस्तेमाल संस्थान के नियमों के खिलाफ है।
संस्थान के अनुसार, घटना के बाद छात्र के खिलाफ तत्काल कोई अनुशासनात्मक कार्रवाई शुरू नहीं की गई थी। इंस्ट्रक्टर और विभागाध्यक्ष ने छात्र से बातचीत की थी। छात्र को मामले की गंभीरता समझाने के साथ यह भी बताया गया था कि इस घटना का उसके अकादमिक करियर पर प्रतिकूल प्रभाव नहीं पड़ेगा। इसके बाद छात्र हॉस्टल लौट गया।
हॉस्टल के कमरे में मिला शव
पुलिस के मुताबिक, परीक्षा दोपहर करीब 4 बजे तक चली थी। परीक्षा समाप्त होने के बाद छात्र हॉस्टल गया। कुछ समय बाद उसके कमरे में उसकी मौत की जानकारी सामने आई। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है।
फिलहाल छात्र की मौत की परिस्थितियों की जांच की जा रही है। ऐसे में परीक्षा में मोबाइल फोन और ChatGPT के इस्तेमाल तथा छात्र की मौत के बीच सीधे तौर पर कारण-परिणाम का निष्कर्ष जांच पूरी होने से पहले निकालना उचित नहीं होगा। IIT बॉम्बे ने भी अपने बयान में कहा है कि मौत की परिस्थितियों की जांच संबंधित अधिकारी कर रहे हैं।
400 से ज्यादा छात्रों ने किया प्रदर्शन
घटना की जानकारी सामने आने के बाद बड़ी संख्या में छात्र कैंपस में एकत्र हुए। रिपोर्ट के अनुसार, 400 से ज्यादा छात्रों ने प्रशासन के खिलाफ प्रदर्शन किया। छात्रों ने मामले में पारदर्शिता और जवाबदेही की मांग की।
प्रदर्शन के दौरान छात्रों ने कैंपस में छात्र सहायता व्यवस्था और ऐसी घटनाओं के बाद प्रशासन की प्रतिक्रिया को लेकर भी सवाल उठाए। छात्रों से बातचीत के लिए IIT बॉम्बे के निदेशक प्रो. शिरीष केदारे भी पहुंचे। इसके बाद छात्रों का जमावड़ा कन्वोकेशन हॉल की ओर स्थानांतरित किया गया।
मिड-सेमेस्टर परीक्षाएं स्थगित
घटना के बाद हुए विरोध के बीच चल रही मिड-सेमेस्टर परीक्षाओं को स्थगित किए जाने की जानकारी सामने आई। छात्रों ने गंभीर घटना के बाद शैक्षणिक गतिविधियों को जारी रखने के तरीके को लेकर प्रशासन से सवाल किए थे।
IIT बॉम्बे ने जताया दुख
IIT बॉम्बे ने छात्र की मौत पर दुख जताते हुए कहा कि संस्थान छात्र के दोस्तों, सहपाठियों, फैकल्टी सदस्यों और इस घटना से प्रभावित अन्य लोगों को आवश्यक सहायता उपलब्ध करा रहा है। संस्थान के मुताबिक, मौत की परिस्थितियों की जांच संबंधित अधिकारी कर रहे हैं।
IIT बॉम्बे में Student Wellness Centre के माध्यम से छात्रों को काउंसलिंग और मानसिक स्वास्थ्य सहायता भी उपलब्ध कराई जाती है। संस्थान के अनुसार, यह सेवा छात्रों को व्यक्तिगत, भावनात्मक और अकादमिक दबाव सहित विभिन्न परिस्थितियों में सहायता प्रदान करती है।
