लखनऊ। उत्तर प्रदेश में स्थापित होने वाले नए ग्लोबल कैपेबिलिटी सेंटर (जीसीसी) को कुशल मानव संसाधन उपलब्ध कराने के लिए इन्वेस्ट यूपी और टीमलीज ग्रुप के बीच समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए गए हैं। यह समझौता बेंगलुरु में आयोजित “उत्तर प्रदेश ग्लोबल ग्रोथ डायलॉग-2026” के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की उपस्थिति में संपन्न हुआ।
एमओयू पर इन्वेस्ट यूपी के मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) विजय किरण आनंद, टीमलीज सर्विसेज की प्रबंध निदेशक एवं ग्रुप सीईओ सुपर्णा मित्रा तथा टीमलीज डिजिटल की सीईओ नीति शर्मा ने हस्ताक्षर किए।
इस साझेदारी का उद्देश्य उत्तर प्रदेश को ग्लोबल कैपेबिलिटी सेंटरों के लिए एक मजबूत और कुशल टैलेंट हब के रूप में विकसित करना है। इसके तहत नए जीसीसी को शुरुआती 90 दिनों तक वर्कफोर्स सपोर्ट और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) एडवाइजरी सेवाएं निःशुल्क उपलब्ध कराई जाएंगी। इससे कंपनियों को शुरुआती चरण में भर्ती प्रक्रिया तेज करने और कुशल कर्मचारियों की उपलब्धता सुनिश्चित करने में मदद मिलेगी।
राज्य सरकार की जीसीसी नीति-2024 के तहत वर्ष 2031 तक उत्तर प्रदेश में 500 ग्लोबल कैपेबिलिटी सेंटर स्थापित करने का लक्ष्य रखा गया है। इसके लिए अब केवल नोएडा और ग्रेटर नोएडा ही नहीं, बल्कि लखनऊ, कानपुर सहित टियर-2 और टियर-3 शहरों को भी प्रमुख निवेश केंद्र के रूप में विकसित किया जा रहा है।
इन्वेस्ट यूपी के सीईओ विजय किरण आनंद ने कहा कि यह साझेदारी राज्य में उद्योगों की जरूरतों के अनुरूप कुशल मानव संसाधन तैयार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। इससे उभरते शहरों में रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे और उत्तर प्रदेश जीसीसी निवेश का प्रमुख केंद्र बनकर उभरेगा।
टीमलीज ग्रुप की प्रबंध निदेशक एवं ग्रुप सीईओ सुपर्णा मित्रा ने कहा कि किसी भी नए जीसीसी की सफलता इस बात पर निर्भर करती है कि उसे कितनी जल्दी और कितनी गुणवत्ता वाला टैलेंट उपलब्ध होता है। उन्होंने बताया कि टीमलीज देशभर में 110 से अधिक जीसीसी के साथ काम कर रही है और उत्तर प्रदेश में भी कंपनी के 1,470 से अधिक सक्रिय जीसीसी कर्मचारी कार्यरत हैं। कंपनी हायरिंग, ऑनबोर्डिंग, एआई और मशीन लर्निंग आधारित भर्ती तथा वर्कफोर्स मैनेजमेंट में विशेषज्ञता रखती है।
टीमलीज ग्रुप वर्तमान में 4,000 से अधिक नियोक्ताओं को वर्कफोर्स समाधान उपलब्ध करा रही है। पिछले 25 वर्षों में कंपनी 24 लाख से अधिक पेशेवरों को रोजगार दिला चुकी है और भारत के अलावा दुबई तथा सिंगापुर में भी अपनी सेवाएं दे रही है।
