लखनऊ: राजधानी लखनऊ के लोकबंधु राजनारायण संयुक्त अस्पताल में प्रसव के दौरान कथित लापरवाही का गंभीर मामला सामने आया है। डिलीवरी के दौरान नवजात के फर्श पर गिरने से उसकी मौत हो गई। घटना के बाद परिजनों ने अस्पताल में जमकर हंगामा किया और डॉक्टरों व स्टाफ पर लापरवाही के आरोप लगाए।
आशियाना निवासी शुभम पाल अपनी गर्भवती पत्नी को रविवार शाम लेबर पेन होने पर अस्पताल लेकर पहुंचे थे। उनका आरोप है कि पत्नी को भर्ती करने के बाद घंटों तक सामान्य प्रसव का इंतजार कराया गया। जब उन्होंने सीजेरियन डिलीवरी की मांग की तो डॉक्टरों ने अस्पताल में इसकी व्यवस्था न होने की बात कही।

शुभम ने यह भी आरोप लगाया कि ड्यूटी पर मौजूद एक सफाईकर्मी ने डिलीवरी कराने के नाम पर 500 रुपये की मांग की। उनका कहना है कि प्रसव के दौरान कोई डॉक्टर मौजूद नहीं था और इसी बीच नवजात फर्श पर गिर गया, जिससे उसकी मौत हो गई।
घटना के बाद परिजनों ने अस्पताल प्रशासन से सीसीटीवी फुटेज सुरक्षित रखने और मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की। पुलिस ने नवजात के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
लोकबंधु अस्पताल के निदेशक डॉ. राजेश कुमार ने बताया कि मामले की जांच के लिए तीन सदस्यीय समिति गठित कर दी गई है। समिति ड्यूटी पर तैनात डॉक्टरों, नर्सिंग स्टाफ और अन्य कर्मचारियों के बयान दर्ज कर पूरी घटना की जांच करेगी। यदि किसी स्तर पर लापरवाही पाई जाती है तो संबंधित लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।

वहीं, डिप्टी मुख्यमंत्री एवं स्वास्थ्य मंत्री ब्रजेश पाठक ने मामले का संज्ञान लेते हुए 24 घंटे के भीतर जांच रिपोर्ट तलब की है। उन्होंने अधिकारियों को निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं।

