संसद के मानसून सत्र के बीच मंगलवार को संसद भवन परिसर में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मौजूदगी में एनडीए संसदीय दल की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। ‘मंगल मिलन’ नाम से हुई इस बैठक में वरिष्ठ केंद्रीय मंत्रियों के साथ एनडीए के सांसदों ने हिस्सा लिया। बैठक में मुक्त व्यापार समझौतों (FTA), आर्थिक विकास, कृषि और संसद के मौजूदा विधायी एजेंडे समेत कई अहम मुद्दों पर चर्चा हुई।
यह बैठक ऐसे समय आयोजित की गई, जब संसद में सार्वजनिक परीक्षा (अनुचित साधनों की रोकथाम) संशोधन विधेयक, 2026 पर चर्चा प्रस्तावित है। बैठक के दौरान इस विधेयक को लेकर भी सांसदों के बीच विचार-विमर्श हुआ। एनडीए सांसदों से परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता और पेपर लीक जैसी घटनाओं पर रोक लगाने के उद्देश्य से लाए गए विधेयक के समर्थन की अपील की गई।
पीएम मोदी की मौजूदगी में राष्ट्रीय मुद्दों पर मंथन
बैठक में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सांसदों के साथ देश से जुड़े विभिन्न महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा की। सूत्रों के मुताबिक, मुक्त व्यापार समझौतों के साथ आर्थिक विकास, किसानों से जुड़े विषयों और सरकार के मौजूदा विधायी एजेंडे पर सांसदों को जानकारी दी गई।
बैठक को आगामी संसदीय कार्यवाही की रणनीति के लिहाज से भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। माना जा रहा है कि इसमें सरकार की नीतियों और विधायी एजेंडे को लेकर सांसदों के साथ चर्चा की गई, ताकि वे अपने-अपने क्षेत्रों में जनता के बीच सरकार की योजनाओं और नीतियों को बेहतर तरीके से रख सकें।
सयोनी घोष ने बैठक को बताया ज्ञानवर्धक
बैठक के बाद एनसीपीआई सांसद सयोनी घोष ने इसे बेहद ज्ञानवर्धक और जानकारीपूर्ण बताया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मौजूदगी में हुई बैठक में मुक्त व्यापार समझौतों समेत देश की आर्थिक नीतियों पर विस्तार से चर्चा की गई।
उन्होंने बैठक को सकारात्मक बताते हुए कहा कि सांसदों को देशहित से जुड़े कई महत्वपूर्ण विषयों पर उपयोगी जानकारी मिली। सयोनी घोष ने सार्वजनिक परीक्षा (प्रिवेंशन ऑफ अनफेयर मीन्स) संशोधन विधेयक, 2026 के समर्थन की भी अपील की। उनके मुताबिक, परीक्षा प्रणाली को अधिक पारदर्शी और सुरक्षित बनाने की दिशा में यह विधेयक महत्वपूर्ण कदम हो सकता है।
पहली बार ‘मंगल मिलन’ बैठक में शामिल हुए एनसीपीआई सांसद
एनसीपीआई सांसद काकोली घोष दस्तीदार के अनुसार, पहली बार उनकी पार्टी के 20 सांसदों को एनडीए की ‘मंगल मिलन’ बैठक में आमंत्रित किया गया। उन्होंने बताया कि बैठक में देश की आर्थिक प्रगति, मुक्त व्यापार समझौतों, किसानों से जुड़े मुद्दों और अन्य राष्ट्रीय विषयों पर विस्तृत जानकारी दी गई।
उन्होंने कहा कि सरकार की ओर से साझा किए गए आंकड़े और जानकारियां सांसदों के लिए उपयोगी हैं। इससे उन्हें अपने-अपने संसदीय क्षेत्रों में जनता के बीच इन मुद्दों को बेहतर तरीके से समझाने में मदद मिलेगी।
पेपर लीक बिल पर भी हुई चर्चा
बैठक का एक अहम मुद्दा सार्वजनिक परीक्षा (अनुचित साधनों की रोकथाम) संशोधन विधेयक, 2026 भी रहा। सरकार का कहना है कि प्रस्तावित कानून का उद्देश्य पेपर लीक, संगठित नकल और परीक्षा माफिया पर सख्त कार्रवाई करना है। इसके जरिए सार्वजनिक परीक्षाओं में पारदर्शिता बढ़ाने और युवाओं का परीक्षा व्यवस्था पर विश्वास मजबूत करने पर जोर दिया जा रहा है।
एनडीए सांसदों ने इसे परीक्षा प्रणाली में सुधार की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताते हुए विधेयक के समर्थन की अपील की।
संसद में आज हो सकती है अहम बहस
संसद में प्रस्तावित चर्चा से पहले एनडीए की यह बैठक रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण मानी जा रही है। बैठक में विधायी एजेंडे के अलावा विपक्ष की रणनीति और विभिन्न राष्ट्रीय मुद्दों पर भी विचार-विमर्श किए जाने की संभावना है।
अब सबकी नजर संसद की कार्यवाही पर है, जहां सार्वजनिक परीक्षा सुधार, पेपर लीक रोकने के उपाय और छात्रों से जुड़े मुद्दों को लेकर सरकार और विपक्ष के बीच जोरदार बहस देखने को मिल सकती है।
