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जीबीसी-5.0 की तैयारी तेज, यूपी में 7 लाख करोड़ से अधिक के निवेश प्रस्ताव धरातल पर उतरने को तैयार

Yogi Adityanath ने ग्राउंड ब्रेकिंग सेरेमनी (GBC)-5.0 की तैयारियों की समीक्षा करते हुए कहा कि उत्तर प्रदेश में 7 लाख करोड़ रुपये से अधिक के निवेश प्रस्ताव धरातल पर उतरने के लिए तैयार हैं। मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि जीबीसी-5.0 के तहत प्रदेश के प्रत्येक जनपद में निवेश सुनिश्चित करने पर विशेष ध्यान दिया जाए।

लखनऊ स्थित सरकारी आवास पर आयोजित उच्चस्तरीय बैठक में मुख्यमंत्री ने कहा कि जनपदों की प्रति व्यक्ति आय बढ़ाने के लिए मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर को मजबूत करना बेहद जरूरी है। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश अब पारंपरिक औद्योगिक राज्य की छवि से आगे बढ़कर रक्षा निर्माण, इलेक्ट्रॉनिक्स, ग्रीन एनर्जी, डेटा सेंटर, लॉजिस्टिक्स और हाई-टेक मैन्युफैक्चरिंग का राष्ट्रीय हब बनता जा रहा है।

बैठक में इन्वेस्ट यूपी अधिकारियों ने मुख्यमंत्री को लीड्स 2025 रैंकिंग में उत्तर प्रदेश को मिले “एग्जेम्प्लर अवॉर्ड” से सम्मानित किया। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को बधाई देते हुए कहा कि निवेशकों की समस्याओं का समय पर समाधान किया जाए ताकि वे प्रदेश के “ब्रांड एम्बेसडर” की तरह कार्य करें।

मुख्यमंत्री ने कहा कि डिफेंस कॉरिडोर में भूमि की मांग तेजी से बढ़ रही है, इसलिए भूमि उपलब्धता सुनिश्चित करना जरूरी है। साथ ही उन्होंने उन परियोजनाओं की समीक्षा करने के निर्देश दिए जिनमें वर्षों पहले भूमि आवंटित होने के बावजूद निवेश नहीं हुआ है।

जीबीसी-5.0 के तहत आयोजित होने वाली प्रदर्शनी को आठ थीम आधारित जोन में विभाजित किया जाएगा। इनमें “व्हाई यूपी”, इंफ्रास्ट्रक्चर ट्रांसफॉर्मेशन, डिफेंस एवं एयरोस्पेस, ईवी एवं ग्रीन एनर्जी, इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग, टेक्सटाइल्स, पर्यटन और फूड प्रोसेसिंग जैसे सेक्टर शामिल होंगे।

बैठक में उत्तर प्रदेश डिफेंस एवं एफडीआई कॉन्क्लेव-2026 की भी प्रस्तुति दी गई। प्रस्तावित कॉन्क्लेव लखनऊ में आयोजित होगा, जिसमें रक्षा मंत्रालय, वैश्विक कंपनियां, रक्षा विशेषज्ञ, एमएसएमई और स्टार्टअप्स शामिल होंगे। इसमें बी2बी और बी2जी इंटरैक्शन के साथ रक्षा निर्माण और एयरोस्पेस निवेश पर चर्चा की जाएगी।

मुख्यमंत्री को बताया गया कि इलेक्ट्रॉनिक्स सेक्टर में 8,050 करोड़ रुपये से अधिक, स्टील और सीमेंट सेक्टर में 12,232 करोड़ रुपये तथा टेक्सटाइल सेक्टर में 1,321 करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं।

कंट्री डेस्क की समीक्षा के दौरान जानकारी दी गई कि जापान से करीब 50 हजार करोड़ रुपये, सिंगापुर से 40 हजार करोड़ रुपये और जर्मनी, यूके, ताइवान, यूएई तथा दक्षिण कोरिया से भी बड़े निवेश प्रस्ताव मिले हैं। अगस्त में सिंगापुर और जापान बिजनेस मिशन ट्रिप प्रस्तावित है। मुख्यमंत्री ने कहा कि इन मिशन ट्रिप्स के जरिए उत्तर प्रदेश को एशिया का बड़ा विनिर्माण और टेक्नोलॉजी निवेश केंद्र बनाने का लक्ष्य है।

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