बसपा सुप्रीमो Mayawati ने सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष Akhilesh Yadav से ब्राह्मण समाज से माफी मांगने की मांग की है। उन्होंने कहा कि सपा प्रवक्ता द्वारा ब्राह्मण समाज पर की गई टिप्पणी बेहद आपत्तिजनक और अभद्र है, जिससे समाज की भावनाएं आहत हुई हैं।
मायावती ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर बयान जारी करते हुए कहा कि सपा के एक प्रमुख राष्ट्रीय प्रवक्ता की टिप्पणी को लेकर प्रदेशभर में आक्रोश है और इसकी तीखी निंदा हो रही है। उन्होंने कहा कि मामले में मुकदमा दर्ज होने के बावजूद विवाद लगातार बढ़ता जा रहा है।
बसपा प्रमुख ने कहा कि इस पूरे प्रकरण पर सपा नेतृत्व की चुप्पी मामले को और गंभीर बना रही है। उन्होंने अखिलेश यादव से अपील की कि वे तत्काल इस मामले का संज्ञान लें और ब्राह्मण समाज से सार्वजनिक रूप से क्षमा मांगें।
मायावती ने सपा पर जातिवादी राजनीति करने का आरोप लगाते हुए कहा कि पार्टी का दलितों, अति पिछड़ों, मुस्लिमों और अब ब्राह्मण समाज के प्रति भी रवैया नकारात्मक रहा है। उन्होंने दावा किया कि बसपा ने हमेशा सर्वसमाज को सम्मान और उचित भागीदारी दी है।
उन्होंने कहा कि बसपा में “यूज एंड थ्रो” की राजनीति नहीं होती, बल्कि सभी वर्गों के हितों को सुरक्षित रखा जाता है।
