रिपोर्ट – गोविंद कश्यप
लखनऊ। पर महिलाओं को भाइयों तक पहुंचने में किराये की चिंता न हो, इसके लिए उत्तर प्रदेश की योगी सरकार वर्ष 2017 से लगातार निशुल्क बस यात्रा की सुविधा दे रही है।
वर्ष 2017 से 2025 तक नौ रक्षाबंधन पर्व पर इस सुविधा के तहत महिलाओं को 2.01 करोड़ से अधिक निशुल्क टिकट जारी किए गए। इन टिकटों के किराये के बराबर राशि करीब 188.41 करोड़ रुपये आंकी गई है।

2017 से जारी है निशुल्क बस यात्रा
योगी सरकार ने वर्ष 2017 में रक्षाबंधन के अवसर पर महिलाओं के लिए मुफ्त बस यात्रा की शुरुआत की थी। इसके बाद हर साल यह सुविधा जारी रही। परिवहन निगम के आंकड़ों के मुताबिक, शुरुआती वर्षों में जहां इस सुविधा का लाभ लेने वाली महिलाओं की संख्या करीब 11 लाख थी, वहीं 2025 में यह आंकड़ा काफी बढ़ गया।
वर्ष 2017 में 11,16,332 महिलाओं ने निशुल्क यात्रा की। 2018 में 11,69,226, 2019 में 12,04,085 और 2020 में 7,36,605 महिलाओं ने इसका लाभ लिया। इसके बाद 2021 में 9,63,466, 2022 में 22,32,322, 2023 में 29,29,755 और 2024 में 19,78,403 महिला यात्रियों ने मुफ्त बस यात्रा की।
2025 में महिला के साथ सहयात्री को भी मिली सुविधा
वर्ष 2025 में सरकार ने रक्षाबंधन यात्रा को और आसान बनाने के लिए महिला के साथ एक सहयात्री को भी निशुल्क यात्रा की सुविधा दी। 8 अगस्त 2025 की सुबह छह बजे से 10 अगस्त की मध्यरात्रि तक 66 घंटे की अवधि में करीब 63.14 लाख महिला यात्रियों और 15.11 लाख से अधिक सहयात्रियों ने इस सुविधा का लाभ उठाया।
इस दौरान कुल 78,26,324 निशुल्क टिकट जारी किए गए। इन टिकटों का कुल किराया मूल्य करीब 86.98 करोड़ रुपये रहा। महिला यात्रियों के साथ सहयात्री को सुविधा मिलने से परिवारों को रक्षाबंधन के दौरान यात्रा खर्च में अतिरिक्त राहत मिली।
188 करोड़ रुपये से अधिक का यात्रा लाभ
परिवहन निगम के आंकड़ों के अनुसार, 2017 से 2025 तक रक्षाबंधन पर जारी निशुल्क टिकटों के किराये के बराबर कुल राशि करीब 188.41 करोड़ रुपये है। इस तरह नौ वर्षों में महिलाओं को मुफ्त बस यात्रा के रूप में बड़ी आर्थिक राहत मिली है।
यूपीएसआरटीसी के प्रधान प्रबंधक (संचालन) अनिल कुमार के अनुसार, 2017 में शुरू हुई यह पहल अब रक्षाबंधन पर प्रमुख जनसुविधाओं में शामिल हो चुकी है। उन्होंने कहा कि महिलाओं को सुविधाजनक यात्रा उपलब्ध कराने के लिए परिवहन विभाग लगातार प्रयासरत है
त्योहार पर महिलाओं को आर्थिक राहत
रक्षाबंधन पर बड़ी संख्या में महिलाएं अपने भाइयों को राखी बांधने के लिए दूसरे शहरों और गांवों की यात्रा करती हैं। ऐसे में निशुल्क बस यात्रा से उन्हें सीधे आर्थिक राहत मिलती है। खासतौर पर सामान्य और निम्न आय वर्ग के परिवारों के लिए यह सुविधा त्योहार के दौरान यात्रा का अतिरिक्त खर्च कम करने में मदद करती है।
त्योहार के दौरान यात्रियों की बढ़ती संख्या को देखते हुए परिवहन निगम की ओर से अतिरिक्त बसों और फेरे बढ़ाने की व्यवस्था भी की जाती है, ताकि यात्रियों को आवागमन में परेशानी न हो।
महिला सम्मान से जुड़ी पहल
सरकार के मुताबिक, रक्षाबंधन पर निशुल्क बस यात्रा का उद्देश्य महिलाओं को आर्थिक राहत देने के साथ उनकी सुविधा और सम्मान को बढ़ावा देना है। सरकार का प्रयास है कि त्योहार और अन्य जरूरी यात्राओं के दौरान महिलाओं को परिवहन संबंधी बाधाओं का सामना कम करना पड़े और वे अपने परिवारों के साथ सहजता से महत्वपूर्ण अवसरों में शामिल हो सकें।
