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स्क्रीन टाइम के दौर में बच्चों को कागज-कलम से जोड़ रही हाथरस पुलिस, ‘पंख स्नेल लेटर राइटिंग’ पहल शुरू

हाथरस। मोबाइल फोन और सोशल मीडिया के बढ़ते इस्तेमाल के बीच बच्चों को कागज और कलम से जोड़ने के लिए हाथरस पुलिस ने अनूठी पहल शुरू की है। एसपी चिरंजीव नाथ सिन्हा की पहल ‘पंख स्नेल लेटर राइटिंग’ के तहत बच्चों को नियमित पत्र और रचनात्मक लेखन के लिए प्रेरित किया जा रहा है। पहल का उद्देश्य केवल लिखावट सुधारना नहीं, बल्कि बच्चों को अपनी भावनाएं, विचार और सपने शब्दों में व्यक्त करने का आत्मविश्वास देना है।

इसी क्रम में गुरुवार को हाथरस गेट क्षेत्र स्थित राजकीय कन्या इंटर कॉलेज में विशेष कार्यक्रम आयोजित किया गया। एसपी चिरंजीव नाथ सिन्हा स्वयं कार्यक्रम में पहुंचे और छात्राओं से संवाद किया। उन्होंने छात्राओं को कागज और कलम के जरिए अपने विचार, अनुभव, भावनाएं और कल्पनाएं व्यक्त करने के लिए प्रेरित किया।

स्क्रीन टाइम के दौर में स्मार्ट टाइम का संदेश

एसपी ने कहा कि डिजिटल युग में बच्चों का स्क्रीन टाइम लगातार बढ़ रहा है। ऐसे में पत्र लेखन उन्हें कुछ समय के लिए मोबाइल और सोशल मीडिया से दूर कर रचनात्मक गतिविधियों से जोड़ने का बेहतर माध्यम बन सकता है। नियमित लेखन से भाषा और अभिव्यक्ति क्षमता मजबूत होने के साथ आत्मविश्वास और संवेदनशीलता का भी विकास होता है।

इन विषयों पर लिखने के लिए किया प्रेरित

कार्यक्रम में छात्राओं को भारतीय जीवन मूल्य और राष्ट्रीय गौरव, दादा-दादी व नाना-नानी से जुड़ाव, मेरे सपने और मेरा भविष्य, शिक्षा का महत्व, स्क्रीन टाइम से स्मार्ट टाइम, खेल-किताबों और प्रकृति की उपयोगिता, समय प्रबंधन, छोटी बचत, अनुशासन और जिम्मेदारी जैसे विषयों पर लिखने के लिए प्रेरित किया गया।

छात्राओं ने दिखाया लेखन का हुनर

कार्यक्रम में छात्राओं ने उत्साह के साथ विभिन्न विषयों पर पत्र और लेख लिखे। अधिकारियों ने उनकी रचनाओं को देखा और छात्राओं की सराहना करते हुए उन्हें नियमित लेखन जारी रखने के लिए प्रोत्साहित किया।

कार्यक्रम के अंत में एसपी चिरंजीव नाथ सिन्हा ने बच्चों से रोज कुछ समय कागज और कलम के लिए निकालने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि लेखन केवल शब्दों का अभ्यास नहीं, बल्कि सोच, संवेदना और व्यक्तित्व को आकार देने का माध्यम है। ‘पंख स्नेल लेटर राइटिंग’ के जरिए नई पीढ़ी को पत्र लेखन की परंपरा से जोड़ने और उनके विचारों व सपनों को नई उड़ान देने का प्रयास किया जा रहा है।

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