रिपोर्ट: प्रिया बाजपेयी शुक्ला
भारतीय क्रिकेट टीम के स्टार तेज गेंदबाज मोहम्मद शमी के टेस्ट क्रिकेट से संन्यास लेने के फैसले से उनके गांव में मायूसी है। अमरोहा स्थित उनके पैतृक गांव सहसपुर अलीनगर के लोगों का कहना है कि शमी को अभी टेस्ट क्रिकेट से संन्यास नहीं लेना चाहिए था। उनमें अभी काफी क्रिकेट बाकी है और वह लंबे समय तक देश के लिए खेल सकते थे।
ग्रामीणों ने शमी के क्रिकेट करियर की तारीफ करते हुए कहा कि उन्होंने अपनी मेहनत और शानदार प्रदर्शन से न सिर्फ देश, बल्कि अमरोहा और अपने गांव का नाम भी रोशन किया है। लोगों को उम्मीद थी कि शमी अभी भारतीय टीम के लिए और खेलेंगे।
2027 वर्ल्ड कप में शमी को मिले मौका
मोहम्मद शमी के संन्यास पर प्रतिक्रिया देते हुए गांव के रहने वाले राजा रामपाल ने कहा कि बीते वर्ल्ड कप में शमी ने शानदार प्रदर्शन किया था। उन्होंने कई विकेट लेकर पूरे देश को खुश होने का मौका दिया था। उनके प्रदर्शन से गांव और अमरोहा जिले में भी खुशी का माहौल था।
राजा रामपाल ने कहा कि संन्यास लेने की वजह तो शमी ही बता सकते हैं, लेकिन ग्रामीण चाहते हैं कि उन्हें 2027 के वर्ल्ड कप में खेलने का मौका मिले। शमी पूरे भारत और अमरोहा की शान हैं। वह जब भी मैदान पर उतरेंगे, अपनी घातक गेंदबाजी से विकेट लेकर देश का नाम रोशन कर सकते हैं।
ग्रामीणों का कहना है कि शमी जैसे अनुभवी गेंदबाज की टीम में अभी जरूरत है। उनके संन्यास के फैसले से गांव के लोग निराश हैं और उन्हें उम्मीद है कि वह आगे भी भारतीय क्रिकेट में अपना योगदान देते रहेंगे।
