**लखनऊ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शारदीय नवरात्र की अष्टमी तिथि पर मां महागौरी की पूजा-अर्चना करते हुए महिला सशक्तीकरण पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि मां महागौरी शांति, पवित्रता और करुणा की प्रतीक हैं।
उनकी आराधना हमें यह संदेश देती है कि समाज की वास्तविक उन्नति तभी संभव है, जब हर मां स्वस्थ और सुरक्षित हो, हर बेटी को बेहतर पोषण और भविष्य मिले तथा प्रत्येक महिला सम्मान के साथ आत्मनिर्भर जीवन जी सके।
मुख्यमंत्री ने रविवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर अपने संदेश में कहा कि आज नारीशक्ति का जीवन सुरक्षा, सम्मान, सामर्थ्य और समृद्धि से आलोकित हो रहा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में प्रदेश की डबल इंजन सरकार महिलाओं को विकास की मुख्यधारा से जोड़ने के लिए सुरक्षा, शिक्षा, पोषण और आर्थिक स्वावलंबन के अवसरों का विस्तार कर रही है।
स्वयं सहायता समूहों से महिलाओं को मिला रोजगार
सीएम योगी ने कहा कि वर्ष 2017 से पहले बच्चों के पोषण से जुड़ी व्यवस्था कई समस्याओं से जूझ रही थी। प्रदेश में सरकार बनने के बाद टेक होम राशन के उत्पादन और वितरण की जिम्मेदारी स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं को सौंपी गई। इससे व्यवस्था में पारदर्शिता बढ़ाने के साथ महिलाओं के लिए रोजगार और आर्थिक आत्मनिर्भरता के अवसर तैयार किए गए। इस पहल से पोषण सेवाओं को मजबूत करने और कुपोषण के खिलाफ लड़ाई को प्रभावी बनाने में भी मदद मिली।
आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों के मानदेय में वृद्धि
मुख्यमंत्री ने बताया कि बच्चों के पोषण और प्रारंभिक शिक्षा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाली आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों का मानदेय 3,000 रुपये से बढ़ाकर 12,000 रुपये प्रतिमाह किया गया है। इसके साथ उन्हें स्वास्थ्य बीमा का लाभ भी दिया जा रहा है, जिससे उनके स्वास्थ्य और सामाजिक सुरक्षा को मजबूती मिल सके।
चार लाख से अधिक महिलाएं दुग्ध उत्पादन से जुड़ीं
सीएम योगी के मुताबिक, बलिनी, सामर्थ्य, काशी, बाबा गोरखनाथ और सृजनी जैसी दुग्ध उत्पादक कंपनियों से प्रदेश के 31 जिलों की चार लाख से अधिक महिलाएं जुड़ी हैं। ये महिलाएं दुग्ध उत्पादन के माध्यम से आय अर्जित करने के साथ उद्यमिता और आत्मनिर्भरता की दिशा में आगे बढ़ रही हैं। वहीं, ग्राम पंचायतों में बीसी सखी पहल महिलाओं को रोजगार देने और ग्रामीण क्षेत्रों में वित्तीय सेवाओं की पहुंच बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है।
1.20 करोड़ से अधिक महिलाएं स्वयं सहायता समूहों से जुड़ीं
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में 1 करोड़ 20 लाख से अधिक महिलाएं स्वयं सहायता समूहों के माध्यम से आत्मनिर्भरता की दिशा में काम कर रही हैं। लखपति दीदी पहल के जरिए महिलाएं अपने हुनर और मेहनत को नियमित आय में बदलकर परिवार की आर्थिक स्थिति मजबूत कर रही हैं।
सीएम योगी ने कहा कि महिलाओं की सुरक्षा, सम्मान, शिक्षा और आर्थिक स्वावलंबन सुनिश्चित करना प्रदेश की प्रगति के लिए जरूरी है। उन्होंने सशक्त नारी को समृद्ध उत्तर प्रदेश की आधारशिला बताते हुए महिला सशक्तीकरण के प्रयासों को आगे बढ़ाने पर जोर दिया।
