नासिक से सामने आए कथित धर्म परिवर्तन और कार्यस्थल उत्पीड़न मामले में नई जानकारी सामने आई है। आरोपों के बाद टाटा समूह की कंपनी Tata Consultancy Services (TCS) की एचआर मैनेजर निदा खान फिलहाल फरार बताई जा रही हैं।
परिवार के अनुसार, निदा खान मुंबई में ही हैं और गर्भवती हैं। उन्होंने नासिक की एक स्थानीय अदालत में अग्रिम जमानत के लिए अर्जी दाखिल की है, जिसमें अपनी मेडिकल स्थिति को आधार बनाया है।
क्या हैं आरोप
निदा खान पर आरोप है कि उन्होंने कर्मचारियों द्वारा की गई शिकायतों को नजरअंदाज किया और उन्हें उच्च अधिकारियों तक नहीं पहुंचाया। बताया जा रहा है कि वे आंतरिक शिकायत समिति (ICC) की सदस्य होने के बावजूद किसी प्रकार की ठोस कार्रवाई नहीं कर पाईं।
कुछ शिकायतकर्ताओं का दावा है कि शिकायत करने पर उन्हें बताया गया कि इस तरह की घटनाएं कॉर्पोरेट माहौल में सामान्य होती हैं। जांच एजेंसियों के अनुसार, मामले में उनकी भूमिका को लेकर गंभीर सवाल उठ रहे हैं और उन्हें कथित तौर पर साजिश में शामिल माना जा रहा है।
शिकायतकर्ताओं के दावे
पुलिस को दी गई शिकायतों में एक कर्मचारी ने आरोप लगाया है कि उसे उसकी इच्छा के विरुद्ध धार्मिक गतिविधियों में शामिल होने के लिए दबाव डाला गया। कई अन्य कर्मचारियों ने भी वरिष्ठ अधिकारियों और एचआर विभाग से पहले शिकायत करने की बात कही, लेकिन कार्रवाई नहीं होने का दावा किया।
जांच जारी
मामले की जांच विशेष जांच दल (SIT) द्वारा की जा रही है। जांच के दौरान यह भी सामने आया है कि एचआर प्रमुख के रूप में निदा खान की जिम्मेदारी कार्यस्थल की सुरक्षा और यौन उत्पीड़न निवारण से जुड़े नियमों का पालन सुनिश्चित करना था।
कौन हैं निदा खान
उपलब्ध जानकारी के अनुसार, निदा खान Savitribai Phule Pune University की पूर्व छात्रा हैं और नासिक स्थित TCS बीपीओ यूनिट में एचआर पद पर कार्यरत थीं। उनकी भूमिका में कर्मचारियों की शिकायतों का समाधान और कार्यस्थल पर सुरक्षित वातावरण बनाए रखना शामिल था।
